इंद्रप्रस्थ न्यूज – ताज़ा हिंदी खबरें | राष्ट्रीय, राज्य, खेल, बिज़नेस ब्रेकिंग न्यूज़
ब्रेकिंग न्यूज
ताजा खबरें मुरादाबाद जनपद के ठाकुरद्वारा के शेरपुर पट्टी में तेंदुआ पिंजरे में कैद मप्रः उज्जैन में शाही-मस्जिद का हिस्सा हटाने को लेकर बवाल, प्रदर्शन के बीच हुआ पथराव विशिष्ट बोडो साहित्यकार कमलाकांत मुसाहारी का निधन सर्राफा बाजार में मामूली गिरावट, सोना और चांदी की चमक पड़ी फीकी उत्तराखंड : मौसम सुधार के बाद चारधाम यात्रा बहाल एशियाई खेल : महिलाओं की 25 मीटर पिस्टल टीम स्पर्धा में भारत पांचवें स्थान पर, मनु भाकर फाइनल से बाहर ईरान अमेरिका से युद्ध के लिए ‘पूरी तरह तैयार’, लेकिन कूटनीति का रास्ता भी खुला : अरागची शुरुआती कारोबार में शेयर बाजार पर दबाव, सेंसेक्स और निफ्टी में गिरावट ग्लोबल मार्केट से कमजोरी के संकेत, एशिया में भी बिकवाली का दबाव डेविड बून बने क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया के अंतरिम चेयरमैन ईरान का दावा - आईआरजीसी ने होर्मुज जलडमरूमध्य में अमेरिका का दूसरा अंडरवॉटर ड्रोन पकड़ा एशियाई खेल 2026: बारिश ने भारत-अफगानिस्तान मुकाबला धोया, टीम इंडिया सेमीफाइनल में राजस्थान में फिर बदला मौसम, 13 जिलों में तेज हवा-बारिश का यलो अलर्ट नेपाल में लगातार हो रही बारिश से बिहार में गंडक नदी में गहराया बाढ़ का खतरा एशियाई खेल 2026: हांगकांग के खिलाफ मुकाबला रद्द होने से पाकिस्तान सेमीफाइनल में एशियाई खेल: महिला टीम स्क्वॉश में भारत ने चीन को हराया; पुरुष वॉलीबॉल टीम ने हांगकांग पर दर्ज की जीत एशियाई खेल: महिला टीम स्क्वॉश में भारत ने चीन को हराया; पुरुष वॉलीबॉल टीम ने हांगकांग पर दर्ज की जीत भारी बारिश से नेपाल के चार जिले सड़क संपर्क से कटे, कई प्रमुख राजमार्ग पूरी तरह बंद भारी बारिश, बाढ़ और भूस्खलन से नेपाल की कई जलविद्युत परियोजनाओं में उत्पादन ठप एशियाई खेल 2026: पिंकी बलहारा ने कुराश में पदक पक्का किया, सेमीफाइनल में पहुंचीं नेपाल के बागलुंग जिले में बारिश के बाद भूस्खलन, 10 की मौत और एक लापता अफगानिस्तान का दावा- नूरिस्तान में 28 लड़ाके ढेर, पाकिस्तान पर घुसपैठ में मदद का आरोप लाहरीघाट में ब्रह्मपुत्र नदी में यात्रियों से भरी नाव डूबी, चार लापता बैंक ग्राहकों को बड़ी राहत, 28-30 सितंबर की प्रस्तावित हड़ताल टली फरीदाबाद : बोरवेल में गिरी तीन साल की बच्ची, रेस्क्यू में जुटा प्रशासन

नेपाल में लगातार हो रही बारिश से बिहार में गंडक नदी में गहराया बाढ़ का खतरा

28 Sep 2026

पटना, 28 सितंबर (इंद्रप्रस्थ न्यूज)। नेपाल में गंडक नदी के जल अधिग्रहण क्षेत्र में बीते चार दिन से लगातार हो रही रही मूसलाधार बारिश के बाद गंडक नदी ने रौद्र रूप धारण कर लिया है। वाल्मीकिनगर गंडक बराज से 5 लाख 43 हजार क्यूसेक से अधिक पानी छोड़े जाने के बाद पश्चिमी चंपारण से लेकर पूर्वी चंपारण तक नदी के तटवर्ती इलाकों में हड़कंप मच गया है। कई जगहों पर बाढ़ का पानी गांवों और सड़कों में प्रवेश कर चुका है, जबकि निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को सुरक्षित स्थानों की ओर जाने की सलाह दी गई है।


लगातार दो दिनों से भारी मात्रा में पानी छोड़े जाने के कारण सोमवार सुबह तक पूर्वी चंपारण के अरेराज अनुमंडल के गंडक दियारा और तटीय क्षेत्रों में बाढ़ की स्थिति और गंभीर होने की आशंका है। नदी का जलस्तर खतरे के निशान को पार कर चुका है। गंडक के बढ़ते दबाव ने सरेया, मिश्रौलिया, पुछरिया, बिंद टोली और नवादा समेत कई गांवों के लोगों की चिंता बढ़ा दी है। खेतों में पानी पहुंचने लगा है और कई निचले इलाकों में बस्तियों के जलमग्न होने का खतरा बना हुआ है।


पश्चिमी चंपारण में भी गंडक का असर साफ दिखाई दे रहा है। वाल्मीकिनगर, बगहा-2, बगहा-1, पिपरासी, मधुबनी, ठकहरा, भितहा, योगापट्टी, बैरिया और नौतन के दियारा क्षेत्रों में सैकड़ों घरों में बाढ़ का पानी प्रवेश कर गया है। बगहा शहर तक पानी पहुंचने से लोगों की परेशानी बढ़ गई है। बगहा-वाल्मीकिनगर मुख्य सड़क भी कई जगह पानी में डूब गई है, जिससे आवागमन प्रभावित हुआ है।


बाढ़ का असर केवल इंसानी बस्तियों तक सीमित नहीं है। वाल्मीकि टाइगर रिजर्व यानी वीटीआर के जंगल क्षेत्र में भी पानी फैलने लगा है। बाढ़ के कारण जंगली जानवर सुरक्षित और ऊंचे स्थानों की तलाश में जंगल से बाहर निकल रहे हैं। इससे आसपास के गांवों में रहने वाले लोगों के बीच भी डर बढ़ गया है। वन विभाग और स्थानीय प्रशासन के सामने इंसानों के साथ-साथ वन्यजीवों की सुरक्षा भी चुनौती बन गई है।


गंडक के साथ-साथ बागमती और कोसी नदी के जलस्तर में भी बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है। पूर्वी चंपारण के अलावा मधुबनी, दरभंगा, सुपौल और सहरसा के कई गांवों पर भी बाढ़ का खतरा मंडरा रहा है। ऐसे में आने वाले कुछ घंटे बिहार के कई जिलों के लिए बेहद महत्वपूर्ण माने जा रहे हैं। स्थिति को देखते हुए जल संसाधन विभाग ने क्षेत्रीय अधिकारियों को 24 घंटे अलर्ट रहने का निर्देश दिया है। चंपारण से वैशाली तक तटबंधों की लगातार निगरानी की जा रही है। अधिकारियों को खास तौर पर कटाव, रिसाव और तटबंधों पर बढ़ते पानी के दबाव पर नजर रखने को कहा गया है।

Latest News