02 Oct 2026
अजमेर, 02 अक्टूबर (इंद्रप्रस्थ न्यूज)। पुष्कर में विदेशी नागरिकों के वीजा नियमों के उल्लंघन के मामलों में पुलिस और विदेशी पंजीकरण विभाग ने कार्रवाई करते हुए तीन महिलाओं को पकड़ा है। इनमें केन्या की एक महिला निर्धारित वीजा अवधि समाप्त होने के बाद एक साल से अधिक समय से भारत में रह रही थी, जबकि थाईलैंड की दो महिलाएं भारत-नेपाल सीमा से अवैध तरीके से भारत में प्रवेश कर पुष्कर पहुंची थीं। कार्रवाई के बाद तीनों महिलाओं को पुलिस सुरक्षा में अलवर स्थित निरुद्ध केंद्र भेज दिया गया।
विदेशी पंजीकरण अधिकारी एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सीआईडी विशेष शाखा राजेश मीना के अनुसार 29 सितंबर को विदेशी नागरिकों के अवैध रूप से रहने की सूचना मिलने पर पुष्कर क्षेत्र के होटलों की जांच की गई। टीम ने होटल श्रीपैलेस की जांच के दौरान केन्या की महिला के ठहरने की जानकारी हासिल की। होटल संचालक से महिला के दस्तावेज मांगे गए, लेकिन वह कोई दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सका। होटल के रजिस्टर में भी विदेशी महिला का विवरण दर्ज नहीं था।
इसके बाद पुलिस टीम ने महिला के कमरे की जांच की। उसके मोबाइल फोन में पासपोर्ट और वीजा की प्रतियां मिलीं। ऑनलाइन माध्यम से दस्तावेजों की जांच करने पर सामने आया कि महिला 6 मार्च 2025 को भारत आई थी और उसके वीजा की वैधता केवल 90 दिन थी।
वीजा अवधि समाप्त होने के बावजूद वह भारत में रह रही थी। इस तरह महिला के निर्धारित अवधि से अधिक समय तक भारत में रहने का मामला सामने आया।
इसी दिन स्टेट स्पेशल ब्रांच जयपुर से मिले अलर्ट के आधार पर पुष्कर पुलिस की टीम ने विभिन्न होटलों और रिसोर्ट की जांच की। इस दौरान नाला क्षेत्र स्थित मूण रिसोर्ट में थाईलैंड की दो महिलाएं मिलीं। ऑनलाइन पोर्टल पर उनके संबंध में जांच करने पर दोनों के भारत-नेपाल सीमा के रास्ते अवैध रूप से भारत में प्रवेश करने की जानकारी सामने आई। पुलिस और विदेशी पंजीकरण विभाग ने वीजा तथा विदेशी नागरिकों से जुड़े नियमों के उल्लंघन को गंभीरता से लेते हुए तीनों महिलाओं के खिलाफ कार्रवाई की। गृह विभाग के आदेश के तहत उन्हें उनके संबंधित देशों में भेजे जाने तक अलवर स्थित निरुद्ध केंद्र में रखने की प्रक्रिया अपनाई गई है।
पुलिस के अनुसार पुष्कर में होटल, रिसोर्ट और गेस्ट हाउस की नियमित जांच आगे भी जारी रहेगी। निर्धारित अवधि से अधिक समय तक भारत में रहने वाले अथवा वीजा नियमों का उल्लंघन करने वाले विदेशी नागरिकों के खिलाफ नियमानुसार देश से बाहर भेजने और प्रतिबंधित सूची में डालने की कार्रवाई की जाएगी। वहीं, ऐसे विदेशी नागरिकों को अवैध रूप से ठहराने या उन्हें सहयोग देने वाले होटल और गेस्ट हाउस संचालकों के खिलाफ भी इमिग्रेशन एंड फॉरेनर्स एक्ट, 2025 के प्रावधानों के तहत कार्रवाई की जाएगी।