22 Jul 2026
नई दिल्ली, 22 जुलाई (एजेंसी)। दिल्ली उच्च न्यायालय 20 जुलाई को संसद मार्च के दौरान हुई कथित पुलिस ज्यादती के खिलाफ दायर याचिका पर आज सुनवाई करने पर सहमत हो गया है। आज इस याचिका को मुख्य न्यायाधीश डीके उपाध्याय की अध्यक्षता वाली बेंच के समक्ष मेंशन करते हुए आज ही सुनवाई की मांग की।।
काकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) की ओर से पेपर लीक के आरोपों के बाद केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर जंतर-मंतर पर 20 जून से प्रदर्शन चल रहा है। इस प्रदर्शन में सोनम वांगचुक ने 28 जून से आमरण अनशन शुरु किया था। करीब 20 दिनों के अनशन के बाद उन्हें जंतर-मंतर से उठाकर सफदरजंग अस्पताल ले जाया गया था। प्रदर्शनकारियों ने 20 जुलाई को संसद मार्च किया था, जिस दौरान राजधानी दिल्ली के कई स्थानों पर प्रदर्शनकारियों और दिल्ली पुलिस के बीच हिंसक झड़पें हुई।
याचिका में आरोप लगाया गया है कि प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने प्रदर्शनकरियों के साथ कई स्थानों पर ज्यादती की। दिल्ली पुलिस ने कई स्थानों पर छात्रों पर लाठीचार्ज किया और आंसूगैस छोड़े। इस मामले में कनाट प्लेस थाना, संसद मार्ग थाना और दूसरे थानों में एफआईआर दर्ज की गई है।