10 Aug 2026
नई दिल्ली, 10 अगस्त (एजेंसी)। उच्चतम न्यायालय ने पत्रकार रामचंद्र छत्रपति हत्याकांड में डेरा सच्चा सौदा प्रमुख गुरमीत राम रहीम को बरी किए जाने के खिलाफ दायर याचिका पर नोटिस जारी किया है। चीफ जस्टिस सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली पीठ ने हरियाणा सरकार को नोटिस जारी करने का आदेश दिया। मामले की अगली सुनवाई नवंबर के तीसरे हफ्ते में होगी।
सुनवाई के दौरान उच्चतम न्यायालय ने राम रहीम को लेकर हरियाणा सरकार के उदार रवैये पर भी टिप्पणी की। दरअसल, राम रहीम की ओर से पेश वरिष्ठ वकील आर बसंत ने कहा कि हरियाणा सरकार ने उच्च न्यायालय के फैसले के खिलाफ कोई अपील दाखिल नहीं की है। इस पर चीफ जस्टिस ने कहा कि शायद राज्य सरकार अपील नहीं करेगी।
रामचंद्र छत्रपति हरियाणा के सिरसा के पत्रकार थे। छत्रपति अपने अखबार ‘पूरा सच’ में डेरा सच्चा सौदा से जुड़े मामलों पर कई खबरें लिख चुके थे। अक्टूबर 2002 में उनके घर के बाहर उन्हें गोली मार दी गई। इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। मामले की जांच सीबीआई को सौंपी गई थी।
पंचकूला के ट्रायल कोर्ट ने जनवरी 2019 में राम रहीम और तीन दूसरे आरोपियों कुलदीप सिंह, निर्मल सिंह और कृष्ण लाल को हत्या और साजिश के मामले में उम्रकैद की सजा दी। इस सजा को पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय ने तीन लोगों की सजा बरकरार रखी, लेकिन राम रहीम को बरी कर दिया गया। उच्च न्यायालय ने कहा कि सीबीआई राम रहीम के खिलाफ आरोप साबित नहीं कर पाई।