15 Aug 2026
हांसी, 14 अगस्त (एजेंसी)। हांसी में पहली बार आयोजित राज्य स्तरीय स्वतंत्रता
दिवस समारोह में मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के ध्वजारोहण से ठीक पहले शनिवार सुबह
उस समय हालात बिगड़ गए, जब जीवन कुंडू हत्याकांड के मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी की मांग को लेकर प्रदर्शन कर रहे किसान संगठनों और ग्रामीणों का पुलिस से टकराव हो गया।
प्रदर्शनकारी राजकीय महाविद्यालय स्थित समारोह स्थल के मुख्य गेट के नजदीक तक पहुंच गए। पुलिस ने उन्हें रोकने और पीछे हटाने का प्रयास किया, लेकिन देखते ही देखते स्थिति तनावपूर्ण हो गई। बाद में दयाल सिंह कॉलोनी क्षेत्र में पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच दोबारा भिड़ंत हो गई।
इस दौरान पथराव में हांसी के पुलिस अधीक्षक विनोद कुमार, डीएसपी स्तर
के अधिकारी समेत कई पुलिसकर्मियों के घायल होने की सूचना है। प्रदर्शनकारियों में भी कई लोगों के चोटिल होने की जानकारी सामने आई है।
जीवन कुंडू हत्याकांड मामले में किसान संगठनों और ग्रामीणों की ओर से पहले
ही मुख्यमंत्री के कार्यक्रम के दौरान विरोध प्रदर्शन की चेतावनी दी गई थी। शुक्रवार
देर रात तक प्रशासनिक अधिकारियों और प्रदर्शनकारियों के प्रतिनिधियों के बीच बातचीत का दौर भी चला था, लेकिन शनिवार सुबह करीब साढ़े छह बजे प्रदर्शनकारियों का जत्था अचानक
समारोह स्थल के आसपास पहुंच गया। बड़ी संख्या में लोगों के मुख्य आयोजन स्थल की ओर बढ़ने से पुलिस प्रशासन में हड़कंप मच गया। पुलिस ने तत्काल मोर्चा संभालते हुए प्रदर्शनकारियों को रोकना शुरू किया और उन्हें समारोह स्थल से दूर बरवाला रोड की तरफ पीछे धकेल दिया।
प्रदर्शनकारियों के जत्थे में महिलाओं की संख्या भी काफी थी। पुलिस कार्रवाई के बाद प्रदर्शनकारी दयाल सिंह कॉलोनी के आखिरी मोड़ की ओर चले गए। यहां किसान नेता सुरेश कोथ समेत अन्य प्रतिनिधियों ने पुलिस एवं प्रशासनिक
अधिकारियों से बातचीत की और जीवन कुंडू हत्याकांड के मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी को लेकर स्थिति स्पष्ट करने की मांग रखी। बातचीत के दौरान कुछ समय के लिए माहौल शांत दिखाई दिया, लेकिन इसके बाद एक बार फिर तनाव बढ़ गया। पुलिस ने भीड़ को आगे बढ़ने से रोकने
और मौके से हटाने का प्रयास किया।
इसी दौरान प्रदर्शनकारियों की ओर से पुलिस पर पथराव शुरू कर दिया गया। जवाब में पुलिस ने भीड़ को तितर-बितर करने की कार्रवाई की। करीब 10 मिनट तक दोनों पक्ष आमने-सामने रहे और इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बना रहा। सड़क
पर जगह-जगह ईंट-पत्थर बिखरे दिखाई दिए।
पथराव में पुलिस अधिकारियों और जवानों को चोटें आईं, जिन्हें उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया गया। प्रदर्शनकारियों के घायल होने की भी सूचना है। घटना के बाद पुलिस ने पूरे क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी। प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे किसान नेता सुरेश कोथ को पुलिस ने हिरासत में लेकर गिरफ्तार कर लिया। उनके साथ मौजूद अन्य प्रदर्शनकारियों के खिलाफ भी पुलिस की ओर से कार्रवाई किए जाने की जानकारी सामने आई
है। हालांकि, गिरफ्तार लोगों की संख्या और उनके खिलाफ दर्ज मामलों की आधिकारिक स्थिति फिलहाल स्पष्ट नहीं हुई है।
हांसी में पहली बार राज्य स्तरीय स्वतंत्रता दिवस समारोह आयोजित किया गया था
और मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी मुख्य अतिथि के रूप में कार्यक्रम में पहुंचे थे। ऐसे
में मुख्यमंत्री के ध्वजारोहण से कुछ समय पहले प्रदर्शनकारियों का समारोह स्थल के मुख्य गेट के इतने नजदीक तक पहुंच जाना सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर रहा है। प्रदर्शनकारियों की ओर से पहले ही मुख्यमंत्री के घेराव और विरोध की चेतावनी दिए जाने के बावजूद वे शहर के प्रमुख मार्गों से होते हुए आयोजन स्थल के करीब कैसे पहुंच गए, इसे लेकर पुलिस प्रशासन की तैयारियों पर सवाल उठ रहे हैं।
घटना के बाद पुलिस प्रशासन ने हांसी शहर के सभी प्रमुख प्रवेश मार्गों पर नाकाबंदी
और सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी। जेसीआई चौक, सिसाय पुल सहित कई प्रमुख स्थानों पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया। सुरक्षा बढ़ाए जाने के कारण शहर के कई हिस्सों में यातायात प्रभावित हुआ और जाम की स्थिति बनी रही। जीवन कुंडू हत्याकांड के मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी की मांग को लेकर चल रहे विरोध के बीच हुए इस टकराव के बाद हांसी में तनावपूर्ण माहौल
बना हुआ है।
प्रशासन स्थिति पर लगातार नजर रखे हुए है और संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। अब इस पूरे घटनाक्रम के बाद प्रशासन और प्रदर्शनकारी पक्ष के बीच आगे होने वाली बातचीत पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं।