04 Sep 2026
शहडोल, 4 सितंबर (इंद्रप्रस्थ न्यूज)। मध्य प्रदेश के शहडोल जिले में लगातार हो रही बारिश के चलते नदी-नालों का जलस्तर बढ़ गया है। जैतपुर तहसील क्षेत्र के कोलमी गांव के पास बरने नदी उफान पर है। नदी का पानी पुल के ऊपर से बहने के कारण झींक बिजुरी से छत्तीसगढ़ के केल्हारी को जोड़ने वाला अंदरूनी मार्ग बंद हो गया है। स्थिति को देखते हुए प्रशासन और पुलिस ने लोगों को पुल से आवागमन नहीं करने की हिदायत दी है। सुरक्षा के लिए मौके पर पुलिस बल तैनात किया गया है।
बरने नदी मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ की सीमा पर स्थित है। इसके एक तरफ मध्य प्रदेश का जैतपुर थाना क्षेत्र है, जबकि दूसरी ओर छत्तीसगढ़ का केल्हारी थाना क्षेत्र आता है। लगातार बारिश के कारण नदी का जलस्तर बढ़ गया है और पानी पुल के ऊपर पहुंच गया है। ऐसे में पुलिस लोगों को पुल पार करने से रोक रही है, ताकि किसी तरह की दुर्घटना न हो।
जिले में लगातार बारिश के बीच बाणसागर बांध का जलस्तर पूर्ण जलभराव स्तर तक पहुंच चुका है। जानकारी के अनुसार, 3 सितंबर सुबह 8 बजे बांध का जलस्तर 341.64 मीटर दर्ज किया गया, जो पूर्ण जलभराव स्तर के बराबर है। बांध से कुल 4241.66 क्यूमेक पानी छोड़ा जा रहा है। इसके लिए आठ रेडियल गेटों को 2.50 मीटर तक खोला गया है। वहीं, स्पिलवे के आठ गेटों के जरिए करीब 4060 क्यूमेक पानी छोड़ा जा रहा है।
अधीक्षक भू-अभिलेख से मिली जानकारी के मुताबिक, शहडोल जिले में औसतन 54.2 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। इसमें जैतपुर में सबसे अधिक 99 मिमी बारिश हुई।
अन्य क्षेत्रों में बारिश का आंकड़ा इस प्रकार रहा:
- जैतपुर — 99 मिमी
- बुढ़ार — 83 मिमी
- चनौढ़ी — 53 मिमी
- ब्यौहारी — 45 मिमी
- सोहागपुर — 38 मिमी
- जयसिंहनगर — 33 मिमी
- गोहपारू — 29 मिमी
शहडोल जिले में इस वर्ष अब तक 1078.4 मिलीमीटर औसत वर्षा दर्ज की जा चुकी है। इसके मुकाबले पिछले वर्ष 2 सितंबर तक जिले में औसत बारिश का आंकड़ा 945 मिलीमीटर था।
लगातार बारिश और बाणसागर से पानी छोड़े जाने के कारण जिले की कई नदियों और नालों का जलस्तर बढ़ा हुआ है। प्रशासन की ओर से निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को सतर्क रहने और जलभराव वाले रास्तों पर अनावश्यक आवाजाही से बचने की सलाह दी जा रही है।