10 Sep 2026
नई दिल्ली, 10 सितंबर (एजेंसी)। काकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के नेता सौरभ दास और आशुतोष रांका भाजपा नेता और वकील गौरव भाटिया के खिलाफ 'एक्स' पर अपलोड किए गए एआई जनित पोस्ट को हटाएंगे। कोर्ट ने मेटा और एक्स को भी निर्देश दिया कि ऐसी शिकायतों पर उचित कार्रवाई की जाए और अगर इसे लेकर अगर कोई बाधा आती है, तो इसकी जानकारी गौरव भाटिया को दें, ताकि वे कोर्ट का दरवाजा खटखटा सकें। कोर्ट ने सौरभ दास, अभिजीत दीपके और आशुतोष रांका को नोटिस जारी कर जवाब दाखिल करने का भी निर्देश दिया।
गुरुवार सुबह सुनवाई के दौरान उच्च न्यायालय ने सीजेपी और उसके नेता अभिजीत दीपके, सौरभ दास और आशुतोष रांका को भाजपा नेता और वकील गौरव भाटिया के खिलाफ अपलोड किए गए पोस्ट को हटाने को कहा था। जस्टिस तुषार राव गडेला की बेंच ने कहा था कि बिना वेरिफाई किए किसी पर हमला करना ठीक नहीं है। कोर्ट ने सीजेपी के तीनों नेताओं की ओर से पेश वकील से इस संबंध में निर्देश लेकर कोर्ट को बताने को कहा।
गौरव भाटिया ने सीजेपी के नेताओं पर दो करोड़ का हर्जाना और उनके खिलाफ किए गए सोशल मीडिया पर पोस्ट पर अंतरिम रोक लगाने की मांग की है। गौरव भाटिया ने आरोप लगाया है कि सीजेपी और उसके नेताओं ने एआई जनित ग्राफिक्स में स्वतंत्र भारद्वाज के बारे में गलत तथ्य उनके नाम से जोड़ दिए हैं। भारद्वाज पर सीजेपी कार्यकर्ता के पिता के साथ मारपीट करने का आरोप है। पोस्ट में कहा गया था कि गौरव भाटिया ने स्वतंत्र भारद्वाज को दिमागी नक्सल कहा था। सौरभ दास ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक ग्राफिक शेयर किया था।
गौरव भाटिया ने सौरव दास पर आरोप लगाया कि वो अपने सोशल मीडिया अकाउंट से कोर्ट को लेकर भी अनर्गल पोस्ट करते रहते हैं। याचिका में कहा गया है कि सौरव दास ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट से जस्टिस स्वर्णकांता शर्मा की आलोचना की थी और केजरीवाल के मामले की सुनवाई से हटने को कहा था। सौरव दास ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर दिल्ली दंगों की बड़ी साजिश रचने के आरोपित उमर खालिद के पक्ष में भी बोला था। ऐसा करना न्यायिक कार्यवाही में दखल देना है।