15 Sep 2026
नई दिल्ली, 15 सितंबर (इंद्रप्रस्थ न्यूज)। दिल्ली उच्च न्यायालय में याचिका दायर कर दिल्ली यूनिवर्सिटी स्टूडेंट्स यूनियन (डूसू) के चल रहे चुनावों को चुनौती दी गई है। याचिका में आरोप लगाया गया है कि छात्र चुनावों से जुड़े लिंगदोह कमेटी के नियमों का उल्लंघन किया गया है, खासकर उस नियम का जिसमें राजनीतिक पार्टियों के शामिल न होने की बात कही गई है। उच्च न्यायालय इस याचिका पर कल यानी 16 सितंबर को सुनवाई करेगा।
आज याचिकाकर्ता की ओर से पेश वकील ने मुख्य न्यायाधीश डीके उपाध्याय की अध्यक्षता वाली बेंच के समक्ष मेंशन करते हुए याचिका पर जल्द सुनवाई की मांग की, जिसके बाद कोर्ट ने 16 सितंबर को सुनवाई का आदेश दिया। याचिका दिल्ली यूनिवर्सिटी की छात्रा विजेता ने दायर की है। याचिका में कहा गया है कि यूनिवर्सिटी चुनाव के दौरान उच्चतम न्यायालय के आदेशों का पालन नहीं किया गया है जिसमें कहा गया है कि चुनाव राजनीतिक दल के प्रभाव से मुक्त होना चाहिए।
याचिका में डूसू चुनाव में न्यायिक हस्तक्षेप की मांग की गई है। याचिका में कहा गया है कि डूसू का चुनाव लिंगदोह कमेटी की सिफारिशों के आधार पर होना चाहिए। याचिका में लिंगदोह कमेटी की अनुशंसाओं की धारा 6.3 का जिक्र किया गया है जिसमें छात्रसंघों में राजनीतिक दलों से प्रतिनिधित्व रोकने की बात कही गई है।
याचिका में आरोप लगाया गया है कि एनएसयूआई, एबीवीपी, एएसएपी, एसएफआई, आईसा जैसे संगठनों ने पैनल जारी किया और डूसू चुनाव के लिए अपने उम्मीदवारों की घोषणा की। डूसू चुनाव में इस तरह का राजनीतिक समर्थन लिंगदोह कमेटी की सिफारिशों का उल्लंघन है।