18 Sep 2026
नई दिल्ली, 18 सितंबर (एजेंसी)। उच्चतम न्यायालय ने जजों, एमिकस क्यूरी और वकीलों के खिलाफ मिली बड़ी संख्या में गुमनाम शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) जांच का आदेश दिया है। चीफ जस्टिस सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली बेंच का ये आदेश तब आया है, जब कई बिल्डर्स पर सबवेंशन स्कीम का गलत इस्तेमाल करने, घर खरीदारों को धोखा देने, प्रोजेक्ट्स में देरी करने और निवेश किया गया पैसा वापस करने से इनकार करने के आरोप थे।
दरअसल, सुनवाई के दौरान एएसजी ऐश्वर्या भाटी ने उन बिल्डर्स की जांच पर सीबीआई की स्टेटस रिपोर्ट सौंपी, जिन्होंने बैंक अफसरों की मिलीभगत से सबवेंशन स्कीम का गलत इस्तेमाल किया था। इसकी वजह से घर खरीददारों को दशकों का इंतजार करने के बाद भी अपने सपनों का घर मिलने की कोई उम्मीद नहीं बची। फिर भी उन्हें ईएमआई देनी पड़ रही है।
चीफ जस्टिस ने भाटी से कहा कि अगली सुनवाई की तारीख को हम आपको शिकायतों का एक और सेट देंगे। आप उनकी जांच करें और पता लगाएं कि इन्हें लिखने के लिए कौन लोग जिम्मेदार हैं। हमारा मानना है कि इनमें ज्यादातर बिल्डर होंगे और जाहिर है कि कुछ वकील भी होंगे, जिन्होंने उन्हें गलत सलाह दी होगी।