22 Sep 2026
भुवनेश्वर, 22 सितंबर (एजेंसी)। ओडिशा विधानसभा के मानसून सत्र के पहले दिन मंगलवार को एमएमडीआर विधेयक और स्कूली पाठ्य पुस्तकों में कथित त्रुटियों के मुद्दे पर विपक्षी बीजद और कांग्रेस के सदस्यों ने जमकर विरोध प्रदर्शन किया। हंगामे के कारण विधानसभा अध्यक्ष सुरमा पाढ़ी को सदन की कार्यवाही दो बार स्थगित करनी पड़ी।
विपक्षी सदस्य हाथों में तख्तियां लेकर सदन के वेल में पहुंच गए और एमएमडीआर विधेयक तथा पाठ्य पुस्तकों में कथित त्रुटियों को लेकर नारेबाजी करने लगे। सदस्यों के विरोध के बीच अध्यक्ष ने पहले सदन की कार्यवाही दोपहर 1.10 बजे तक स्थगित कर दी। दूसरी बार शाम 4 बजे तक स्थगित कर दी।
इससे पहले सदन की कार्यवाही पूर्व विधायकों, सार्वजनिक जीवन से जुड़े व्यक्तियों और पूर्व अधिकारियों के निधन पर शोक प्रस्ताव के साथ शुरू हुई। मुख्यमंत्री एवं सदन के नेता मोहन चरण माझी ने दिवंगत व्यक्तियों के प्रति शोक व्यक्त करते हुए श्रद्धांजलि अर्पित की। सदन ने नेपाल में हाल में आई बाढ़ में जान गंवाने वाले लोगों के प्रति भी शोक व्यक्त किया। सदस्यों ने दिवंगतों की स्मृति में निर्धारित शोक प्रक्रिया में हिस्सा लिया।
इसके बाद प्रश्नकाल शुरू होते ही बीजद और कांग्रेस के विधायक तख्तियां लेकर सदन के वेल में पहुंच गए और नारेबाजी शुरू कर दी। अध्यक्ष सुरमा पाढ़ी ने विपक्षी सदस्यों से अपनी सीटों पर लौटने और सदन की कार्यवाही सुचारू रूप से चलने देने का आग्रह किया। विरोध जारी रहने पर अध्यक्ष ने सदन की कार्यवाही दोपहर 1.10 बजे तक स्थगित कर दी।
दोपहर 1.10 बजे सदन की कार्यवाही दोबारा शुरू होने के बाद विपक्षी सदस्यों ने फिर से विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। लगातार हंगामे के कारण सदन का सामान्य कामकाज प्रभावित हुआ। इस स्थिति को देखते हुए अध्यक्ष सुरमा पाढ़ी ने विधानसभा की कार्यवाही दूसरी बार शाम 4 बजे तक स्थगित कर दी।